21 जुलाई: सिरमौर जिले में मौसम विभाग का दो दिवसीय रेड अलर्ट सोमवार को काफी हद तक सही साबित हुआ। जिले के अधिकांश क्षेत्रों में दिनभर हुई मूसलाधार बारिश से जनजीवन प्रभावित रहा। कई स्थानों पर भूस्खलन, पेड़ गिरने और सड़कों के बंद होने की घटनाएं सामने आईं। प्रशासन के अनुसार नाहन विकासखंड में तीन सड़कें बंद रहीं, जबकि ग्रामीण इलाकों के कई संपर्क मार्ग भी कुछ समय के लिए बाधित रहे।
भारी बारिश के मद्देनजर जिला प्रशासन ने पहले ही दो दिनों के लिए सभी सरकारी और निजी शिक्षण संस्थानों में अवकाश घोषित कर दिया था। इसके चलते नाहन और पांवटा साहिब स्थित इग्नू अध्ययन केंद्रों में सोमवार और मंगलवार को होने वाली परीक्षाएं स्थगित कर दी गई हैं।
हालांकि, हिमाचल प्रदेश विश्वविद्यालय (एचपीयू) की एमए परीक्षाएं निर्धारित कार्यक्रम के अनुसार आयोजित होंगी। उपायुक्त प्रियंका वर्मा ने बताया कि यदि कोई विद्यार्थी खराब मौसम या मार्ग बंद होने के कारण परीक्षा में शामिल नहीं हो पाता है, तो विश्वविद्यालय उसे दोबारा परीक्षा देने का अवसर देगा।
उपायुक्त ने बताया कि 30 जून से 19 जुलाई के बीच जिले में बारिश से लगभग 16.99 करोड़ रुपये का नुकसान हुआ है। इस दौरान विभिन्न घटनाओं में आठ लोगों की मौत हुई, जबकि दो लोग घायल हुए हैं।
उन्होंने लोगों से रेड अलर्ट के दौरान नदी-नालों, खड्डों और भूस्खलन संभावित क्षेत्रों से दूर रहने तथा अत्यंत आवश्यक होने पर ही घरों से बाहर निकलने की अपील की। यमुना, गिरी, बाता, मारकंडा, जलाल और टॉस नदियां उफान पर हैं। प्रशासन ने सभी संबंधित विभागों को सतर्क रहने के निर्देश दिए हैं।
इग्नू अध्ययन केंद्र नाहन के समन्वयक डॉ. विवेक नेगी ने बताया कि जिला प्रशासन के आदेशानुसार सोमवार और मंगलवार की परीक्षाएं स्थगित कर दी गई हैं। वहीं, पीजी कॉलेज नाहन के प्राचार्य विभव शुक्ल ने कहा कि एचपीयू की एमए परीक्षाएं तय कार्यक्रम के अनुसार होंगी और अनुपस्थित विद्यार्थियों को विश्वविद्यालय अलग से परीक्षा का अवसर देगा।