5 अगस्त: हिमाचल प्रदेश के ऊना जिले में विजिलेंस टीम ने भ्रष्टाचार के खिलाफ बड़ी कार्रवाई करते हुए लोक निर्माण विभाग के इलेक्ट्रिकल विंग में तैनात जूनियर इंजीनियर (जेई) को 8 हजार रुपये की रिश्वत लेते रंगे हाथों गिरफ्तार किया है। आरोपी की पहचान परवेश कुमार के रूप में हुई है। आरोप है कि जेई ठेकेदार के लंबित बिल पास करने के बदले रिश्वत की मांग कर रहा था।
जानकारी के अनुसार, एक ठेकेदार के किए गए कार्य के बिल लंबे समय से लोक निर्माण विभाग कार्यालय में लंबित थे। आरोप है कि बिलों को पास करने की एवज में जेई परवेश कुमार द्वारा ठेकेदार से 8 हजार रुपये की रिश्वत मांगी जा रही थी। इससे परेशान ठेकेदार ने विजिलेंस विभाग से संपर्क कर मामले की शिकायत दर्ज करवाई।
शिकायत मिलने के बाद विजिलेंस टीम ने आरोपी को रंगे हाथों पकड़ने के लिए जाल बिछाया। मंगलवार को विजिलेंस थाना ऊना के डीएसपी फिरोज खान की अगुवाई में टीम ने कार्रवाई को अंजाम दिया। योजना के मुताबिक ठेकेदार ने जैसे ही जेई को उसके कार्यालय में 8 हजार रुपये की रिश्वत दी, पहले से मुस्तैद विजिलेंस टीम ने उसे मौके पर ही दबोच लिया। तलाशी के दौरान रिश्वत की रकम भी बरामद कर ली गई।
विजिलेंस ने आरोपी जेई को हिरासत में लेकर पूछताछ शुरू कर दी है। साथ ही विभाग में भ्रष्टाचार से जुड़े अन्य पहलुओं की भी जांच की जा रही है। आरोपी के खिलाफ विजिलेंस थाना ऊना में भ्रष्टाचार निरोधक अधिनियम के तहत मामला दर्ज किया गया है। मामले की पुष्टि ऊना विजिलेंस के डीएसपी फिरोज खान ने की है।