25 जून : देहरा उपमंडल के अंतर्गत प्रागपुर पंचायत समिति के चुनावों में गुरुवार को बड़ा राजनीतिक बदलाव देखने को मिला। 28 वर्षों के लंबे अंतराल के बाद कांग्रेस समर्थित उम्मीदवारों ने अध्यक्ष और उपाध्यक्ष दोनों पदों पर जीत दर्ज कर पंचायत समिति पर कब्जा जमाया। इस जीत के साथ ही क्षेत्र में भाजपा के लंबे समय से चले आ रहे वर्चस्व को झटका लगा है।
एसडीएम देहरा कुलवंत सिंह पोटन और बीडीओ मीना शर्मा की देखरेख में संपन्न हुए चुनाव में अध्यक्ष पद के लिए कांग्रेस समर्थित नरेश कुमार पुट्टू ने भाजपा के विशाल पटियाल को बड़े अंतर से पराजित किया। नरेश पुट्टू को 17 वोट मिले, जबकि विशाल पटियाल को 6 मत प्राप्त हुए। वहीं उपाध्यक्ष पद के चुनाव में कांग्रेस समर्थित अनिल किशोर ने 16 वोट हासिल कर जीत दर्ज की, जबकि भाजपा उम्मीदवार विजय कुमारी को 7 वोट मिले।
प्रागपुर पंचायत समिति में वर्ष 1996-98 के बाद पहली बार कांग्रेस समर्थित उम्मीदवारों की इस जीत को पार्टी के लिए बड़ी राजनीतिक उपलब्धि माना जा रहा है। परिणाम घोषित होते ही कांग्रेस कार्यकर्ताओं और समर्थकों में उत्साह की लहर दौड़ गई। समर्थकों ने ढोल-नगाड़ों के साथ विजय जुलूस निकालकर खुशी का इजहार किया।
कांग्रेस नेताओं ने इस जीत को संगठन की एकजुटता और क्षेत्र की जनता के विश्वास का परिणाम बताया। प्रदेश कांग्रेस महासचिव सुरिंदर मनकोटिया ने कहा कि यह जीत बदलाव की शुरुआत है और आने वाले समय में जसवां-परागपुर विधानसभा क्षेत्र में भी कांग्रेस और अधिक मजबूत होकर उभरेगी।
प्रागपुर पंचायत समिति के चुनाव परिणामों ने क्षेत्रीय राजनीति में नई चर्चा छेड़ दी है। इस जीत के बाद कांग्रेस खेमे में उत्साह है, जबकि भाजपा के लिए यह परिणाम आत्ममंथन का विषय माना जा रहा है। राजनीतिक जानकारों का मानना है कि पंचायत समिति में सत्ता परिवर्तन का असर आने वाले स्थानीय और विधानसभा चुनावों की रणनीतियों पर भी दिखाई दे सकता है।