13 अगस्त: चंबा में शराब के नशे में अपने 6 साल के मासूम बेटे को रावी नदी में फेंकने के आरोपी पिता हितेश कुमार को बुधवार को कोर्ट में पेश किया गया। अदालत ने आरोपी को 3 दिन के पुलिस रिमांड पर भेज दिया है। पुलिस ने रिमांड पर लेकर उससे गहन पूछताछ शुरू कर दी है। वहीं, घटना के तीन दिन बाद भी बच्चे गगनदीप का कोई सुराग नहीं मिल पाया है। पुलिस और एनडीआरएफ की टीमें रावी नदी में लगातार सर्च ऑपरेशन चला रही हैं।
पुलिस पूछताछ में सामने आया है कि आरोपी का अपनी पत्नी सारिका के साथ लंबे समय से पारिवारिक विवाद चल रहा था। पत्नी फिलहाल अमृतसर स्थित अपने मायके में छोटे बेटे के साथ रह रही है। सोमवार देर शाम फोन पर दोनों के बीच विवाद हुआ था। इसी दौरान पत्नी ने बड़े बेटे गगनदीप को भी अपने साथ ले जाने की बात कही थी।
बताया जा रहा है कि इसी बात से गुस्साए हितेश ने शराब के नशे में अपने बेटे को लेकर परेल पुल का रुख किया और उसे रावी नदी में धक्का दे दिया। इसके बाद आरोपी ने पत्नी को फोन कर घटना की जानकारी दी। पुलिस को आरोपी के कमरे से एक डायरी भी मिली है, जिसमें घटना से जुड़ी बातें लिखी होने की बात सामने आई है।
पूछताछ में यह भी सामने आया कि बेटे को नदी में फेंकने के बाद आरोपी ने खुद नदी में कूदने की कोशिश की, लेकिन वह ऐसा नहीं कर सका। बाद में उसने पुलिस हेल्पलाइन नंबर 112 पर फोन कर घटना की जानकारी दी।
आरोपी की मां बबली ने भी पुलिस को बताया कि घटना वाली रात जब उन्होंने हितेश को फोन किया था, तो उसने गगनदीप को नदी में फेंकने की बात कही थी।
चंबा के एसपी विजय सकलानी ने बताया कि सूचना मिलते ही पुलिस ने कार्रवाई करते हुए आरोपी को हिरासत में लिया था और मामला दर्ज किया गया। कोर्ट से आरोपी का 3 दिन का पुलिस रिमांड मिला है। पुलिस आरोपी से गहन पूछताछ कर रही है, ताकि घटना की वास्तविक वजहों और पूरे घटनाक्रम का पता लगाया जा सके। बच्चे की तलाश के लिए पुलिस और एनडीआरएफ की टीमें रावी नदी में लगातार अभियान चला रही हैं।