26 अक्तूबर: मुख्यमंत्री ठाकुर सुखविंद्र सिंह सुक्खू ने शिमला में हिमाचल प्रदेश राज्य वन्यजीव बोर्ड की 12वीं बैठक की अध्यक्षता की। बैठक में औद्योगिक विकास, सीमावर्ती क्षेत्रों में आधारभूत ढांचे, सड़क सुविधा, वन भूमि के गैर-वानिकी उपयोग और वन्यजीव संरक्षण से जुड़े विभिन्न प्रस्तावों पर चर्चा की गई। मुख्यमंत्री ने विकास, राष्ट्रीय सुरक्षा और पर्यावरण संरक्षण के बीच संतुलन बनाए रखने पर बल दिया।
बैठक में लाहौल-स्पीति जिले के मुहाल लालुंग और धार चोकुला, काजा में सीमा चौकी (बीओपी) लालुंग की स्थापना के लिए भारत-तिब्बत सीमा पुलिस (आईटीबीपी) की 17वीं बटालियन को 1.78.20 हेक्टेयर वन भूमि हस्तांतरित करने के प्रस्ताव पर भी चर्चा हुई।
मुख्यमंत्री ने अधिकारियों को बंदरों की पंचायतवार संख्या का आंकड़ा उपलब्ध करवाने के निर्देश दिए, ताकि उनकी संख्या से संबंधित सटीक जानकारी के आधार पर आवश्यक कदम उठाए जा सकें।
उन्होंने कांगड़ा जिले के बनखंडी, देहरा में निर्माणाधीन दुर्गेश अरण्य प्राणी उद्यान की प्रगति की समीक्षा भी की। मुख्यमंत्री ने संबंधित अधिकारियों को निर्माण कार्य में तेजी लाने के निर्देश दिए, ताकि परियोजना को समयबद्ध तरीके से आगे बढ़ाया जा सके।
इस अवसर पर मुख्यमंत्री ने ‘हिमाचल्स वाइल्ड आइकॉन्स’ और ‘हिमाचल्स वाइल्ड हेरिटेज’ पोस्टकार्ड श्रृंखलाओं का विमोचन किया। इसके साथ ही डॉ. संजय सूद द्वारा लिखित पुस्तक ‘सिंप्लिफाइड प्रोसीजर्स फॉर एनालिसिस ऑफ फिजियोकेमिकल टेस्ट्स इन वाटर सैंपल्स’ का भी विमोचन किया।