24 सितम्बर: नशा मुक्त भारत अभियान के तहत उपमंडलाधिकारी (ना.) जोगिंदर नगर मनीश चौधरी की अध्यक्षता में एसडीएम कार्यालय में बैठक आयोजित की गई। बैठक में उपमंडल में नशे की रोकथाम, जागरूकता और नशीले पदार्थों के अवैध कारोबार पर प्रभावी अंकुश लगाने को लेकर विस्तार से चर्चा की गई।
बैठक में शैक्षणिक संस्थानों के 100 मीटर के दायरे में सिगरेट और अन्य तंबाकू उत्पादों की बिक्री पर प्रतिबंध को सख्ती से लागू करने के निर्देश दिए गए। इसके लिए नियमित निरीक्षण करने और नियमों का उल्लंघन पाए जाने पर कार्रवाई करने को कहा गया। पंचायत प्रतिनिधियों के माध्यम से नशीले पदार्थों का सेवन करने वाले व्यक्तियों की निगरानी और समय पर सूचना उपलब्ध करवाकर ‘ब्रेक द चेन’ अभियान को प्रभावी बनाने पर भी जोर दिया गया।
नशे से प्रभावित व्यक्तियों की पहचान कर उन्हें अस्पताल या पुनर्वास केंद्र तक पहुंचाने तथा आवश्यक परामर्श और पुनर्वास सुविधा उपलब्ध करवाने के निर्देश दिए गए। सभी शैक्षणिक संस्थानों में ऑनलाइन और ऑफलाइन नशा मुक्ति की शपथ दिलाने के साथ शिक्षण संस्थानों और सरकारी कार्यालयों में हेल्पलाइन नंबर 14446 प्रदर्शित करने को कहा गया। नशे के कारोबार से संबंधित गुप्त सूचनाएं देने के लिए व्हाट्सऐप नंबर 93172-21001 को भी प्रमुखता से प्रदर्शित करने के निर्देश दिए गए।
एसडीएम ने सभी ग्राम पंचायतों में नशे के दुष्प्रभावों के प्रति लोगों को जागरूक करने के लिए प्रभात फेरियां आयोजित करने तथा शैक्षणिक संस्थानों के आसपास भांग के पौधों को पूरी तरह उखाड़ने के लिए आवश्यक कार्रवाई करने को कहा। उन्होंने नशे के हानिकारक प्रभावों को लेकर व्यापक प्रचार-प्रसार और जागरूकता गतिविधियां आयोजित करने के साथ इन गतिविधियों की प्रगति रिपोर्ट फोटोग्राफ सहित प्रस्तुत करने के निर्देश भी दिए। बैठक में अभियान के प्रभावी क्रियान्वयन के लिए सभी विभागों और संबंधित पक्षों को आपसी समन्वय के साथ कार्य करने पर बल दिया गया।