23 जून :हिमाचल प्रदेश के चम्बा जिले में प्रतिबंध के बावजूद मछली के अवैध शिकार और तस्करी का मामला सामने आया है। मत्स्य पालन विभाग ने गुप्त सूचना के आधार पर तीसा मार्ग पर नाकाबंदी कर बसों की सघन जांच की। इस दौरान करीब एक क्विंटल अवैध मछली बरामद की गई। विभाग ने तस्करों के खिलाफ कार्रवाई करते हुए 11,800 रुपए का जुर्माना लगाया।
मछलियों के प्रजनन काल को देखते हुए 16 जून से 15 अगस्त तक नदियों, खड्डों और प्राकृतिक जलधाराओं में मछली पकड़ने पर पूर्ण प्रतिबंध लगाया गया है। इस अवधि में लाइसेंसधारकों को भी मछली पकड़ने की अनुमति नहीं होती। इसके बावजूद कुछ लोग अवैध रूप से मछली का शिकार कर रहे हैं। विभाग की विशेष टीमें लगातार निगरानी और गश्त कर रही हैं। अब तक इस अभियान के तहत 16 अन्य चालान भी किए जा चुके हैं।
जब्त की गई मछली को खराब होने से बचाने के लिए विभाग ने उसकी सार्वजनिक नीलामी करवाई, जिससे 16,138 रुपए की राशि प्राप्त हुई। यह राशि सरकारी राजस्व में जमा करवा दी गई है।
कार्यवाहक वरिष्ठ मत्स्य अधिकारी प्रीतम चंद ने कहा कि अवैध शिकार करने वालों के खिलाफ सख्त कानूनी कार्रवाई जारी रहेगी। उन्होंने लोगों से अपील की कि प्रतिबंधित अवधि में यदि कहीं मछली के अवैध शिकार, परिवहन या बिक्री की जानकारी मिले तो इसकी सूचना तुरंत विभाग को दें। सूचना देने वाले की पहचान गोपनीय रखी जाएगी।
मत्स्य पालन विभाग के उपनिदेशक राकेश ने बताया कि प्रतिबंधित सीजन में अवैध शिकार किसी भी हाल में बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। विभागीय कर्मचारियों को नदी-नालों और खड्डों का नियमित निरीक्षण करने के निर्देश दिए गए हैं तथा आगे भी ऐसे मामलों के खिलाफ अभियान जारी रहेगा।