9 जुलाई: हिमाचल प्रदेश के छह बार मुख्यमंत्री रहे स्वर्गीय वीरभद्र सिंह की पांचवीं पुण्यतिथि पर बुधवार को राजधानी शिमला में उन्हें भावभीनी श्रद्धांजलि अर्पित की गई। ऐतिहासिक रिज मैदान से लेकर प्रदेश कांग्रेस मुख्यालय राजीव भवन तक विभिन्न कार्यक्रम आयोजित किए गए, जिनमें बड़ी संख्या में कांग्रेस नेताओं, कार्यकर्ताओं और समर्थकों ने भाग लिया।
ऐतिहासिक रिज मैदान पर स्थापित स्वर्गीय वीरभद्र सिंह की प्रतिमा पर लोक निर्माण मंत्री विक्रमादित्य सिंह ने पुष्पांजलि अर्पित कर उन्हें नमन किया। इस अवसर पर शिमला के मेयर सुरेंद्र चौहान, विधायक हरीश जनारथा सहित कई वरिष्ठ कांग्रेस नेताओं और कार्यकर्ताओं ने भी श्रद्धासुमन अर्पित किए।
विक्रमादित्य सिंह ने कहा कि वीरभद्र सिंह का विकास मॉडल आज भी प्रदेश के लिए प्रेरणास्रोत है। उनका सपना हिमाचल के हर क्षेत्र और समाज के प्रत्येक वर्ग का समान विकास करना था। उन्होंने कहा कि प्रदेश सरकार उनके अधूरे सपनों को साकार करने के लिए पूरी प्रतिबद्धता के साथ कार्य कर रही है। उन्होंने प्रदेश के प्रथम मुख्यमंत्री डॉ. यशवंत सिंह परमार और पूर्व मुख्यमंत्री ठाकुर रामलाल सहित सभी नेताओं के योगदान को भी याद करते हुए कहा कि उनके आदर्शों पर चलकर ही प्रदेश का समग्र विकास संभव है।
प्रदेश कांग्रेस मुख्यालय राजीव भवन में आयोजित श्रद्धांजलि सभा में प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष विनय कुमार ने कहा कि स्वर्गीय वीरभद्र सिंह का प्रदेश के विकास में योगदान अविस्मरणीय है। उनके नेतृत्व में हुए विकास कार्यों ने हिमाचल को नई पहचान दिलाई। उन्होंने कहा कि वीरभद्र सिंह जनता के नेता थे और उनके दर से कोई भी फरियादी कभी निराश होकर नहीं लौटा।
श्रद्धांजलि सभा में विधायक अनुराधा राणा, मुख्यमंत्री के आईटी सलाहकार गोकुल बुटेल, कांग्रेस उपाध्यक्ष अमित नंदा, संगठन महामंत्री विनोद जिंटा, उपमहापौर उमा कौशल, महिला कांग्रेस अध्यक्ष जैनब चंदेल, युवा कांग्रेस अध्यक्ष छतर सिंह सहित कांग्रेस के विभिन्न प्रकोष्ठों के पदाधिकारी और कार्यकर्ता भी मौजूद रहे। सभी ने स्वर्गीय वीरभद्र सिंह के चित्र पर पुष्प अर्पित कर उन्हें श्रद्धांजलि दी।
विधायक हरीश जनारथा ने कहा कि उन्होंने राजनीति की शुरुआत वीरभद्र सिंह के मार्गदर्शन में की थी और उनका नेतृत्व आज भी प्रेरणा देता है। वहीं, मेयर सुरेंद्र चौहान ने कहा कि वीरभद्र सिंह एक ऐसे जननेता थे, जिन्होंने सभी वर्गों को साथ लेकर प्रदेश के विकास को नई दिशा दी। उन्होंने कहा कि उनकी पुण्यतिथि पर उनके आदर्शों को अपनाने का संकल्प लेना ही उनके प्रति सच्ची श्रद्धांजलि होगी।