29 अगस्त: एनएचपीसी लिमिटेड ने चंबा जिले में रावी नदी के आसपास रहने वाले लोगों के लिए महत्वपूर्ण चेतावनी जारी की है। चमेरा-II और चमेरा-III पावर स्टेशनों के जलाशयों से सिल्ट फ्लशिंग के कार्य के चलते बांधों के गेट खोले जाएंगे। इससे डाउनस्ट्रीम क्षेत्रों में रावी नदी का जलस्तर और बहाव अचानक बढ़ सकता है।
एनएचपीसी चमेरा-II पावर स्टेशन (करियां) प्रबंधन के अनुसार डैम बग्गा और खड़ामुख से सिल्ट फ्लशिंग का कार्य 29 अगस्त की रात 11 बजे से शुरू होगा और 30 अगस्त शाम करीब 6 बजे तक जारी रहने की संभावना है। इस दौरान दोनों बांधों के गेट खोलकर पानी को धीरे-धीरे छोड़ा जाएगा।
प्रबंधन ने लोगों से अपील की है कि इस अवधि में नदी के किनारे न जाएं और अपने मवेशियों को भी नदी से दूर रखें। पानी छोड़ने से पहले चेतावनी के लिए सायरन बजाया जाएगा। लोगों को नदी किनारे लगाए गए चेतावनी बोर्डों पर दिए निर्देशों का पालन करने की सलाह दी गई है।
अलर्ट अवधि के दौरान रावी नदी में मछली पकड़ने, रेत निकालने और असुरक्षित स्थानों से नदी पार करने जैसे कार्यों पर रोक रहेगी। एनएचपीसी ने स्पष्ट किया है कि चेतावनी और सुरक्षा निर्देशों की अनदेखी के कारण होने वाली किसी भी जनहानि या अन्य नुकसान के लिए पावर स्टेशन प्रबंधन जिम्मेदार नहीं होगा।