15 जुलाई , तरसेम जरयाल :राजकीय महाविद्यालय धर्मशाला के बीसीए विभाग द्वारा शैक्षणिक सत्र 2026-27 के नवप्रवेशित प्रथम वर्ष के विद्यार्थियों के लिए ओरिएंटेशन एवं इंडक्शन प्रोग्राम का आयोजन किया गया। कार्यक्रम का उद्देश्य विद्यार्थियों को महाविद्यालय के शैक्षणिक वातावरण, नई शिक्षा नीति (एनईपी-2020), विभागीय गतिविधियों तथा भविष्य के शैक्षणिक और व्यावसायिक अवसरों से परिचित कराना था।
कार्यक्रम में महाविद्यालय के प्राचार्य प्रो. राकेश पठानिया ने मुख्य अतिथि के रूप में भाग लिया। बीसीए विभाग के समन्वयक डॉ. रंजीत ठाकुर ने मुख्य अतिथि का स्वागत करते हुए विभाग की वार्षिक उपलब्धियों, विद्यार्थियों की शैक्षणिक एवं सह-पाठ्यक्रम गतिविधियों और भविष्य की योजनाओं की जानकारी दी। उन्होंने नवप्रवेशित विद्यार्थियों से अनुशासन, नियमित अध्ययन और तकनीकी कौशल विकसित करने का आह्वान किया।
इस अवसर पर प्रो. रितेश ठाकुर ने विद्यार्थियों को राष्ट्रीय शिक्षा नीति (एनईपी-2020) की प्रमुख विशेषताओं, अकादमिक बैंक ऑफ क्रेडिट (एबीसी), मल्टीपल एंट्री एवं एग्जिट सिस्टम, स्किल डेवलपमेंट तथा रोजगारोन्मुख शिक्षा से जुड़े विभिन्न पहलुओं की विस्तार से जानकारी दी।
मुख्य अतिथि एवं प्राचार्य प्रो. राकेश पठानिया ने विद्यार्थियों का महाविद्यालय परिवार में स्वागत करते हुए कहा कि महाविद्यालय केवल डिग्री हासिल करने का माध्यम नहीं, बल्कि व्यक्तित्व निर्माण, नेतृत्व क्षमता, नवाचार और नैतिक मूल्यों के विकास का केंद्र है। उन्होंने विद्यार्थियों से पढ़ाई के साथ-साथ सह-पाठ्यक्रम गतिविधियों, नवाचार और कौशल विकास कार्यक्रमों में सक्रिय भागीदारी करने का आग्रह किया।
कार्यक्रम में डॉ. संजीव राणा, प्रो. रितेश ठाकुर, प्रो. निशांत धीमान, डॉ. श्वेता गुप्ता, प्रो. शिवांगी ठाकुर, प्रो. नैन्सी नेहरिया तथा श्री सुमित सहित बीसीए विभाग के सभी प्राध्यापक और बड़ी संख्या में नवप्रवेशित विद्यार्थी उपस्थित रहे।