17 सितंबर:ठाकुरद्वारा में रात के अंधेरे में संकरे और प्रतिबंधित मार्ग से गुजर रहा बजरी से ओवरलोड टिप्पर अनियंत्रित होकर एक घर की चारदीवारी पर पलट गया। हादसा गांव के बाहरी हिस्से में होने के कारण बड़ा जानलेवा हादसा टल गया। घटना के बाद चालक मौके से फरार हो गया।
जानकारी के अनुसार बीती रात करीब अढ़ाई बजे पंजाब की ओर जा रहा ओवरलोड टिप्पर नंबर PB07 CH-7928 निर्धारित रूट के बजाय ठाकुरद्वारा मुख्य बाजार चौक से मलकाना की ओर जाने वाले संकरे मार्ग से गुजरने का प्रयास कर रहा था। इसी दौरान गांव के बाहर एक घर के पास चालक वाहन से नियंत्रण खो बैठा और टिप्पर चारदीवारी को तोड़ता हुआ पलट गया। टिप्पर में लदी पूरी बजरी घर के प्रांगण में जा गिरी।
हादसे के बाद चालक टिप्पर की लाइटें जलती हुई छोड़कर अंधेरे का फायदा उठाते हुए मौके से फरार हो गया। मकान मालिक के अनुसार हादसे में चारदीवारी और अन्य सामान क्षतिग्रस्त हुआ है, जिससे उन्हें 50 हजार रुपये से अधिक का नुकसान हुआ है।
ग्रामीणों का कहना है कि जिस स्थान पर टिप्पर पलटा, वहां सड़क कुछ चौड़ी थी। यदि वाहन करीब 50 मीटर आगे गांव के बीचोंबीच संकरे रास्ते पर पलटता तो बड़ा हादसा हो सकता था। हादसे के समय लोग अपने घरों में सो रहे थे और भारी वाहन के किसी घर पर पलटने से जानमाल का भारी नुकसान होने की आशंका थी।
ठाकुरद्वारा से मलकाना की ओर जाने वाला यह मार्ग घनी आबादी के बीच से गुजरता है और काफी संकरा है। सुरक्षा को देखते हुए प्रशासन ने इस मार्ग से क्रशर सामग्री से भरे टिप्परों और अन्य भारी वाहनों की आवाजाही पर पाबंदी लगा रखी है। इसके बावजूद ग्रामीणों का आरोप है कि कुछ चालक रात के समय प्रतिबंधित रास्ते से ओवरलोड वाहन निकाल रहे हैं।
घटना के बाद स्थानीय लोगों में रोष है। पंचायत प्रधान शम्मी कुमार और ग्रामीणों ने पुलिस व प्रशासन से प्रतिबंधित मार्ग पर भारी वाहनों की आवाजाही रोकने के लिए सख्त कदम उठाने की मांग की है। ग्रामीणों ने रात के समय ऐसे संकरे और आबादी वाले रास्तों पर गश्त बढ़ाने तथा नियमों का उल्लंघन कर ओवरलोड क्रशर सामग्री ले जाने वाले वाहनों के खिलाफ कार्रवाई करने की मांग की है।