13 मई : पठानकोट-जोगिंद्रनगर रेलमार्ग पर लगातार हो रहे परीक्षणों के बाद अब रेल सेवाएं बहाल होने की उम्मीद तेज हो गई है। जानकारी के अनुसार जून माह के पहले सप्ताह से इस रेलमार्ग पर पांच रेलगाड़ियों का संचालन शुरू किया जा सकता है। लंबे समय से बंद पड़ी रेल सेवा के दोबारा शुरू होने की खबर से लोगों में उत्साह देखा जा रहा है।
वर्ष 2022 में चक्की खड्ड पर बना रेलवे पुल क्षतिग्रस्त हो गया था, जिसके बाद इस मार्ग पर रेलगाड़ियों का संचालन प्रभावित हो गया। तब से यात्रियों, कारोबारियों और पर्यटन क्षेत्र को भारी परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है।
रेल सेवाएं बंद होने से हिमाचल के व्यापार पर भी असर पड़ा है। प्रदेश के कई व्यापारी पठानकोट से सामान मंगवाते हैं, लेकिन रेलगाड़ियां बंद होने के कारण उन्हें दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा है। वहीं रेलवे स्टेशनों पर चाय की दुकानें और छोटे कारोबार करने वालों की आय भी प्रभावित हुई है।
पहले इस मार्ग पर पठानकोट से जोगिंद्रनगर और जोगिंद्रनगर से पठानकोट के बीच सात-सात रेलगाड़ियां चलती थीं। यह सफर यात्रियों के लिए बेहद सुहाना माना जाता था, लेकिन लंबे समय से सेवाएं बंद होने के कारण लोग दोबारा रेल संचालन शुरू होने का इंतजार कर रहे हैं।
कांगड़ा-चंबा के सांसद डॉ. राजीव भारद्वाज ने बताया कि उन्होंने इस मुद्दे को लगातार केंद्रीय रेल मंत्री अश्विनी वैष्णव के समक्ष उठाया। इसके बाद रेल मंत्री ने जम्मू स्थित अधिकारियों को जून की शुरुआत में पांच रेलगाड़ियां बहाल करने के निर्देश दिए हैं।