20 जुलाई, कविता शांति गौतम : बद्दी-बरोटीवाला मार्ग स्थित झाड़माजरी बस स्टैंड के दुकानदार पिछले करीब 10-12 वर्षों से जलभराव की समस्या से जूझ रहे हैं। हल्की बारिश होते ही नालियों का पानी दुकानों में घुस जाता है, जिससे व्यापारियों को हर बार भारी परेशानी उठानी पड़ती है। कई बार रात के समय बारिश होने पर दुकानें पूरी तरह पानी से भर जाती हैं और सुबह सबसे पहले पानी निकालने के बाद ही कारोबार शुरू हो पाता है।
बरोटीवाला से सेंट्रल बैंक चौक तक वर्ल्ड बैंक परियोजना के तहत सड़क निर्माण कार्य चल रहा है। स्थानीय दुकानदारों को उम्मीद थी कि सड़क के साथ जल निकासी की व्यवस्था भी बेहतर बनाई जाएगी, लेकिन उनकी यह उम्मीद पूरी नहीं हो सकी। व्यापारियों का आरोप है कि केवल चुनिंदा स्थानों पर ही नालियों का निर्माण किया गया, जबकि जहां इसकी सबसे अधिक जरूरत थी, वहां कोई व्यवस्था नहीं की गई।
सोमवार सुबह हुई बारिश के बाद एक बार फिर करीब दस दुकानों में पानी घुस गया। दुकानदारों का कहना है कि पहले लोक निर्माण विभाग या बीबीएनडीए समय-समय पर नालियों की सफाई कर देता था, लेकिन अब सड़क निर्माण कार्य वर्ल्ड बैंक परियोजना के अधीन होने के कारण कोई भी विभाग जिम्मेदारी लेने को तैयार नहीं है। इसका सीधा असर स्थानीय व्यापारियों पर पड़ रहा है।
व्यापार मंडल झाड़माजरी के प्रधान राजेश कुमार ने बताया कि इस समस्या को लेकर कई बार प्रशासन के समक्ष मामला उठाया जा चुका है, लेकिन अब तक कोई स्थायी समाधान नहीं निकला। उन्होंने कहा कि सड़क निर्माण पर करोड़ों रुपये खर्च किए गए, फिर भी बरोटीवाला से सेंट्रल बैंक चौक तक बारिश के दौरान जलभराव की स्थिति बनी रहती है।
स्थानीय दुकानदारों सुनील कुमार, अमित, बिपिन निरंकारी, करतार सिंह, डॉ. बलदेव, डॉ. विजय, डॉ. अनवर, सुरिंदर, साहिल, जावेद, तरसेम शर्मा, चंदन, कुलदीप, सुरेश, संजू, डॉ. देविंदर, अश्वनी, राजू, रानू, जोगिंद्र ठाकुर, दर्शन, बाल्मीकि सहित अन्य व्यापारियों ने प्रशासन की कार्यप्रणाली पर नाराजगी जताई। उन्होंने प्रदेश सरकार और सोलन के उपायुक्त मनमोहन शर्मा से मांग की है कि निर्माण कार्य पूरा होने से पहले झाड़माजरी बस स्टैंड क्षेत्र में उचित नालियों का निर्माण कराया जाए, ताकि वर्षों पुरानी जलभराव की समस्या का स्थायी समाधान हो सके।