4 जुलाई: जिला मुख्यालय कुल्लू में मंजू देवी को न्याय दिलाने के लिए हुए प्रदर्शन के दौरान दो युवाओं पर दर्ज एफआईआर को लेकर विवाद गहरा गया है। मृतका के परिजनों और समाजसेवी अमन सूद ने कुल्लू पुलिस से दोनों युवाओं के खिलाफ दर्ज मामला रद्द करने तथा निलंबित डॉक्टर अनु और अन्य संबंधित स्टाफ नर्स के खिलाफ एफआईआर दर्ज करने की मांग की है। इस संबंध में ग्रामीणों के एक प्रतिनिधिमंडल ने ढालपुर में पुलिस अधीक्षक (एसपी) कुल्लू से मुलाकात कर उन्हें शिकायत पत्र सौंपा।
समाजसेवी अमन सूद ने कहा कि डॉक्टर अनु के खिलाफ पहले भी कई बार शिकायतें की गई थीं, लेकिन स्वास्थ्य विभाग की ओर से हर बार उन्हें क्लीन चिट दे दी गई। उन्होंने कहा कि मंजू देवी को न्याय दिलाने के लिए हजारों लोगों ने ढालपुर में प्रदर्शन किया था। सरकार ने डॉक्टर अनु को निलंबित तो कर दिया, लेकिन प्रदर्शन में शामिल दो युवाओं के खिलाफ एफआईआर दर्ज कर दी गई। उन्होंने मांग की कि दोनों युवाओं पर दर्ज मामला वापस लिया जाए और डॉक्टर अनु व अन्य संबंधित स्टाफ के खिलाफ कानूनी कार्रवाई की जाए।
मृतका मंजू देवी के पिता प्रेमचंद ने कहा कि सरकार और प्रशासन को उनकी बेटी को न्याय दिलाने की मांग करने वाले लोगों का साथ देना चाहिए था, लेकिन इसके विपरीत प्रदर्शन में शामिल युवाओं पर कार्रवाई की गई। उन्होंने मांग की कि पुलिस जल्द डॉक्टर और अन्य संबंधित स्टाफ के खिलाफ एफआईआर दर्ज करे तथा दोनों युवाओं पर दर्ज मामला रद्द किया जाए। उन्होंने चेतावनी दी कि यदि ऐसा नहीं हुआ तो आने वाले समय में बड़ी संख्या में लोग फिर से ढालपुर में धरना-प्रदर्शन करेंगे।