28 जुलाई: मुख्यमंत्री ठाकुर सुखविंद्र सिंह सुक्खू ने सोमवार को कांगड़ा जिले के नगरोटा बगवां में आयोजित बाल मेले में बतौर मुख्य अतिथि शिरकत करते हुए क्षेत्र के लिए कई अहम विकास परियोजनाओं की आधारशिला रखी और स्वास्थ्य, शिक्षा तथा आधारभूत ढांचे को लेकर कई महत्वपूर्ण घोषणाएं कीं। उन्होंने कहा कि प्रदेश सरकार व्यवस्था परिवर्तन के माध्यम से वर्ष 2032 तक हिमाचल प्रदेश को आत्मनिर्भर और समृद्ध राज्य बनाने के लक्ष्य की दिशा में तेजी से कार्य कर रही है।
मुख्यमंत्री ने नगरोटा बगवां में 8.56 करोड़ रुपये की लागत से बनने वाले मॉडल पुलिस स्टेशन एवं पुलिस आवास, 9.62 करोड़ रुपये के ओल्ड एज होम तथा 8.65 करोड़ रुपये की लागत से बनने वाले आधुनिक ऑडिटोरियम की आधारशिला रखी। उन्होंने कहा कि ये परियोजनाएं क्षेत्र के विकास को नई गति देंगी और लोगों को बेहतर सुविधाएं उपलब्ध कराएंगी।
स्वास्थ्य क्षेत्र में बड़ी घोषणा करते हुए मुख्यमंत्री ने कहा कि प्रदेश के मेडिकल कॉलेजों में 330 नई पीजी सीटें बढ़ाने की प्रक्रिया शुरू की जा रही है। इनमें से 100 पीजी सीटें डॉ. राजेंद्र प्रसाद मेडिकल कॉलेज, टांडा को मिलेंगी। उन्होंने कहा कि इससे विशेषज्ञ डॉक्टरों की संख्या बढ़ेगी और प्रदेशवासियों को बेहतर स्वास्थ्य सेवाएं उपलब्ध होंगी। साथ ही मेडिकल कॉलेजों और अस्पतालों में आधुनिक चिकित्सा उपकरण, 3 टेस्ला एमआरआई, सीटी स्कैन, पीईटी स्कैन और कैंसर उपचार की अत्याधुनिक सुविधाएं भी उपलब्ध कराई जा रही हैं। उन्होंने कहा कि हिमाचल प्रदेश सरकारी क्षेत्र में रोबोटिक सर्जरी शुरू करने वाला देश का पहला राज्य बन चुका है।
मुख्यमंत्री ने कहा कि शिक्षा व्यवस्था में भी व्यापक सुधार किए जा रहे हैं। इस वर्ष लगभग 24 हजार विद्यार्थियों ने निजी स्कूल छोड़कर सीबीएसई पाठ्यक्रम वाले सरकारी स्कूलों में प्रवेश लिया है, जो सरकारी शिक्षा व्यवस्था में लोगों के बढ़ते विश्वास को दर्शाता है। आने वाले वर्षों में प्रदेश के सरकारी स्कूल आधुनिक सुविधाओं और गुणवत्तापूर्ण शिक्षा के नए केंद्र बनेंगे।
उन्होंने कहा कि सरकार ने कर्मचारियों से किया गया पुरानी पेंशन योजना (ओपीएस) लागू करने का वादा निभाया है। प्राकृतिक आपदाओं के दौरान भी प्रदेश सरकार प्रभावित परिवारों के साथ मजबूती से खड़ी रही और राहत एवं पुनर्वास कार्यों में किसी प्रकार की कमी नहीं आने दी।
मुख्यमंत्री ने कहा कि कांगड़ा जिले के संतुलित विकास के लिए धर्मशाला में पर्यटन निगम, रेरा तथा राज्य पिछड़ा वर्ग आयोग के कार्यालय स्थानांतरित किए गए हैं। वहीं कांगड़ा हवाई अड्डे के विस्तार कार्य को भी प्राथमिकता के आधार पर आगे बढ़ाया जा रहा है।
इस अवसर पर मुख्यमंत्री ने बड़ोह में मिनी सचिवालय स्थापित करने, बड़ोह पुलिस चौकी को पुलिस थाना बनाने तथा सेराथाना के स्वास्थ्य केंद्र को प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र (पीएचसी) में स्तरोन्नत करने की घोषणा भी की।
मुख्यमंत्री ने अपने संबोधन में पूर्व मंत्री स्वर्गीय जी.एस. बाली को श्रद्धांजलि अर्पित करते हुए कहा कि नगरोटा बगवां और प्रदेश के विकास में उनका योगदान सदैव अविस्मरणीय रहेगा। उन्होंने कहा कि स्थानीय विधायक एवं हिमाचल प्रदेश पर्यटन विकास निगम (एचपीटीडीसी) के अध्यक्ष आर.एस. बाली भी क्षेत्र के विकास कार्यों को पूरी प्रतिबद्धता के साथ आगे बढ़ा रहे हैं।
कार्यक्रम के उपरांत कांगड़ा एयरपोर्ट टैक्सी ऑपरेटर यूनियन के प्रतिनिधियों ने भी मुख्यमंत्री से मुलाकात कर अपनी मांगें रखीं, जिस पर मुख्यमंत्री ने हरसंभव सहयोग का आश्वासन दिया।