3 अक्तूबर: समग्र शिक्षा के अंतर्गत व्यावसायिक शिक्षा कार्यक्रम के तहत अनुदेशकों के पांचवें एवं अंतिम बैच का तीन दिवसीय प्रशिक्षण कार्यक्रम डाइट कांगड़ा, धर्मशाला में सम्पन्न हुआ। प्रशिक्षण में हिमाचल प्रदेश के विभिन्न जिलों से आए करीब 70 अनुदेशकों ने भाग लिया।
प्रशिक्षण का उद्देश्य विद्यालयों में संचालित व्यावसायिक शिक्षा को अधिक प्रभावी बनाना, विद्यार्थियों के व्यावहारिक कौशल का विकास करना तथा उन्हें विभिन्न व्यावसायिक क्षेत्रों के प्रति जागरूक करना रहा। इस दौरान अनुदेशकों को विषय से संबंधित नवीनतम जानकारी, व्यावहारिक गतिविधियों और विद्यार्थियों के समग्र विकास से जुड़े विभिन्न पहलुओं की जानकारी दी गई।
प्रशिक्षण का शुभारंभ डाइट कांगड़ा की प्रधानाचार्य डॉ. निशा कटोच ने किया। वहीं, समापन अवसर पर जिला प्रशिक्षण प्रभारी डॉ. जोगिंद्र सिंह ने प्रतिभागियों को प्रमाण पत्र वितरित किए। उन्होंने कहा कि प्रशिक्षण के दौरान प्राप्त ज्ञान और कौशल का वास्तविक उद्देश्य तभी पूरा होगा, जब इसे विद्यालयों में विद्यार्थियों के हित में प्रभावी ढंग से लागू किया जाए। उन्होंने अनुदेशकों से विद्यार्थियों के व्यावहारिक ज्ञान, जीवन कौशल, स्वास्थ्य जागरूकता, आत्मविश्वास और समग्र व्यक्तित्व विकास पर विशेष ध्यान देने का आह्वान किया।
उन्होंने कहा कि व्यावसायिक शिक्षा विद्यार्थियों को भविष्य की रोजगार आवश्यकताओं के अनुरूप तैयार करने के साथ-साथ आत्मनिर्भर बनाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाती है। तीन दिवसीय प्रशिक्षण के दौरान विषयगत सत्रों के साथ विभिन्न गतिविधियों और व्यावहारिक पहलुओं पर भी चर्चा की गई। प्रशिक्षणार्थियों ने अपने अनुभव साझा किए और विद्यालयों में व्यावसायिक शिक्षा के प्रभावी संचालन से संबंधित विषयों पर विचार-विमर्श किया।
प्रशिक्षण के संचालन में डाइट कांगड़ा के वोकेशनल समन्वयक एवं जिला समन्वयक राजेश बैंस की महत्वपूर्ण भूमिका रही। उन्होंने बताया कि जिला उपनिदेशक गुणवत्ता शिक्षा के मार्गदर्शन में 15 सितंबर से शुरू हुआ प्रशिक्षण कार्यक्रम पांच चरणों में पूरा किया गया। इसमें प्रदेश के विभिन्न स्कूलों के करीब 400 अनुदेशकों ने प्रशिक्षण प्राप्त किया।
प्रशिक्षण के दौरान राज्य समन्वयक (VTP) कपिल ठाकुर, सुनील शर्मा और रोहित चौहान ने प्रतिभागियों को जॉब रोल, विद्यालयों में आ रही समस्याओं और उनके समाधान के संबंध में जानकारी दी। इसके अलावा स्रोत व्यक्ति वरुण सिंह, अनुभाग अधिकारी (वित्त), समग्र शिक्षा, विश्वनाथ मलकोटिया, डॉ. अथर्व पंडित, डॉ. नीरज ठाकुर, आशीष जमवाल, पवन शर्मा, गौरव भारद्वाज और विकास वालिया ने विभिन्न विषयों पर प्रशिक्षणार्थियों को मार्गदर्शन प्रदान किया।
स्रोत व्यक्तियों ने हेल्थ केयर सेक्टर से जुड़े विभिन्न विषयों, विद्यालय स्तर पर विद्यार्थियों को कौशल आधारित शिक्षा प्रदान करने, व्यावहारिक गतिविधियों के माध्यम से सीखने तथा प्रशिक्षण से प्राप्त ज्ञान को कक्षा-कक्ष में प्रभावी ढंग से लागू करने पर विस्तार से चर्चा की।