23 अक्तूबर, तरसेम जरयाल : राजकीय महाविद्यालय ढलीआरा में जिला आपदा प्रबंधन प्राधिकरण (डीडीएमए), कांगड़ा के तत्वावधान में वंशिका सांस्कृतिक युवा मंच, धर्मशाला की ओर से आपदा जोखिम न्यूनीकरण एवं आपदा से निपटने की तैयारियों को लेकर नुक्कड़ नाटक का आयोजन किया गया। कार्यक्रम का उद्देश्य विद्यार्थियों और आम जनता को प्राकृतिक एवं मानवजनित आपदाओं के प्रति जागरूक करना तथा आपातकालीन परिस्थितियों में सुरक्षित रहने के उपायों की जानकारी देना था।
नुक्कड़ नाटक के माध्यम से कलाकारों ने प्रभावशाली प्रस्तुति देते हुए आपदा से पहले की तैयारियों, आपदा के दौरान बरती जाने वाली सावधानियों और आपदा के बाद उठाए जाने वाले आवश्यक कदमों को सरल एवं रोचक तरीके से समझाया। कलाकारों ने संदेश दिया कि समय रहते की गई तैयारी, जागरूकता और सतर्कता से आपदाओं के कारण होने वाले जान-माल के नुकसान को काफी हद तक कम किया जा सकता है।
इस अवसर पर महाविद्यालय के प्राचार्य प्रो. सुशील शर्मा ने कहा कि वर्तमान समय में आपदा प्रबंधन के प्रति जागरूकता बेहद आवश्यक है। उन्होंने विद्यार्थियों से आग्रह किया कि वे आपदा से बचाव संबंधी जानकारी अपने परिवार और समाज के अन्य लोगों तक भी पहुंचाएं। उन्होंने कहा कि आपातकालीन परिस्थितियों में घबराने के बजाय समझदारी और सावधानी से काम लेना चाहिए।
कार्यक्रम में महाविद्यालय के लगभग 800 विद्यार्थियों ने भाग लिया और आपदा प्रबंधन एवं सुरक्षा से जुड़ी महत्वपूर्ण जानकारियां प्राप्त कीं। इस तरह के जागरूकता कार्यक्रम विद्यार्थियों में सामाजिक उत्तरदायित्व की भावना विकसित करने के साथ-साथ उन्हें आपदा जैसी परिस्थितियों का सामना करने के लिए तैयार करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं।