18 जुलाई: करीब तीन दशक के लंबे इंतजार के बाद करसोग उपमंडल को दूसरी महिला उपमंडलाधिकारी (एसडीएम) मिल गई हैं। हिमाचल प्रदेश प्रशासनिक सेवा (एचपीएएस) अधिकारी अलीशा चौहान ने शुक्रवार को करसोग के नए एसडीएम के रूप में कार्यभार संभाल लिया। इससे पहले वर्ष 1997 में आईएएस अधिकारी अनुराधा ठाकुर करसोग की पहली महिला एसडीएम बनी थीं। करीब 29 साल बाद एक बार फिर यह जिम्मेदारी महिला अधिकारी के हाथों में आई है। अलीशा चौहान ने पूर्व एसडीएम गौरव महाजन का स्थान लिया है।
हिमाचल प्रदेश की मूल निवासी अलीशा चौहान ने अपनी प्रारंभिक और उच्च शिक्षा शिमला से प्राप्त की है। वर्ष 2015 में उन्होंने सरकारी सेवा शुरू की और 2017 में जिला कोषागार अधिकारी के रूप में कार्य किया। बाद में उनका चयन हिमाचल प्रदेश प्रशासनिक सेवा में हुआ। वर्ष 2025 में उन्हें पहली फील्ड पोस्टिंग लाहौल-स्पीति जिले के उदयपुर में एसडीएम के रूप में मिली, जहां उन्होंने विकास कार्यों, आपदा प्रबंधन और कानून-व्यवस्था के बेहतर संचालन में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई। हाल ही में राज्य सरकार के प्रशासनिक फेरबदल के तहत उनका तबादला करसोग किया गया।
कार्यभार संभालने के बाद अलीशा चौहान ने कहा कि करसोग प्राकृतिक सौंदर्य और सांस्कृतिक विरासत से समृद्ध क्षेत्र है। उनकी प्राथमिकता क्षेत्र की भौगोलिक परिस्थितियों, स्थानीय समस्याओं और लोगों की जरूरतों को समझना होगी। उन्होंने बताया कि वह स्वयं दूरदराज के गांवों का दौरा कर लोगों से सीधा संवाद स्थापित करेंगी और सभी विभागों के बेहतर समन्वय से जनहित के कार्यों को तेजी से आगे बढ़ाया जाएगा।
अलीशा चौहान की नियुक्ति से करसोग के लोगों में नई उम्मीद जगी है। स्थानीय लोगों का मानना है कि उनके नेतृत्व में प्रशासन और अधिक सक्रिय, संवेदनशील एवं जनहितैषी बनेगा तथा क्षेत्र के विकास कार्यों को नई गति मिलेगी।