28 फरवरी: शिमला: भाजपा प्रदेश मीडिया प्रभारी एवं विधायक रणधीर शर्मा ने एआई इम्पैक्ट समिट 2026 से जुड़े घटनाक्रम को लेकर प्रदेश सरकार पर गंभीर आरोप लगाए हैं। प्रेस वार्ता में उन्होंने कहा कि 20 फरवरी 2026 को दिल्ली में आयोजित कार्यक्रम के दौरान हुए प्रदर्शन से देश की छवि प्रभावित हुई है।
शर्मा ने आरोप लगाया कि इस पूरे प्रकरण में मुख्यमंत्री कार्यालय की भूमिका की निष्पक्ष जांच होनी चाहिए। उनका कहना था कि आयोजन भारत सरकार का था और उसमें अनेक देशों के प्रतिनिधि मौजूद थे, ऐसे में किसी भी प्रकार की आपत्तिजनक गतिविधि से अंतरराष्ट्रीय स्तर पर संदेश जाता है।
उन्होंने विधानसभा की कार्यवाही का उल्लेख करते हुए कहा कि बजट सत्र के दौरान परंपरागत प्रक्रिया के बजाय आरडीजी (Revenue Deficit Grant) मुद्दे पर चर्चा को प्राथमिकता दी गई। शर्मा ने आरोप लगाया कि इस विषय को राजनीतिक रूप से प्रस्तुत कर सदन को गुमराह किया गया।
भाजपा विधायक ने यह भी दावा किया कि प्रदर्शन में शामिल कुछ व्यक्तियों को हिमाचल सदन में ठहराया गया था, जिसकी बुकिंग मुख्यमंत्री कार्यालय से होने की बात कही गई है। उन्होंने मांग की कि पूरे घटनाक्रम की जांच किसी स्वतंत्र या केंद्रीय एजेंसी से कराई जाए, ताकि तथ्यों की स्पष्टता हो सके।
रणधीर शर्मा ने कहा कि भाजपा इस मामले में पारदर्शी और उच्चस्तरीय जांच चाहती है, जिससे यह स्पष्ट हो सके कि किन परिस्थितियों में यह घटनाक्रम हुआ और जिम्मेदारी किसकी बनती है।